आरएसएस नंबर-1 आतंकी संगठन, पूर्व आईजी का दावा

कोलकाता, पश्चिम बंगाल

महाराष्ट्र के पूर्व इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (आईजी) एस एम मुशरिफ ने दावा किया है कि राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ भारत का नंबर-1 आतंकी संगठन है। एस एम मुशरिफ ने आरएसएस पर कई आतंकी हमलों में शामिल होने का दावा भी दावा करते हुए कहा कि देश भर में कम से कम 13 आतंकी हमलों में आरएसएस का हाथ था।

यहां अपनी किताब ‘हू किल्‍ड करकरे’ के बांग्‍ला संस्‍करण के लॉन्‍च के मौके पर एस एम मुशरिफ ने कोलकाता में आयोजित एक समारोह के दौरान कहा कि आरएसएस के कार्यकर्ताओं को आतंक के कम से कम 13 मामलों में आरोपी बनाया गया है। इन मामलों में आरडीएक्स का इस्तेमाल हुआ है। उन्होंने कहा कि अगर बजरंग दल जैसे संगठनों को भी शामिल कर लिया जाए तो ऐसे मामलों की संख्या 17 है। उन्होंने कहा कि इसमें कोई शक नहीं हैं कि आरएएस भारत का नंबर-1 आतंकी संगठन है। एस एम मुशिरफ ने कहा कि एक आतंकी संगठन के रूप में आरएसएस का सत्‍ता में शामिल पार्टियों से कोई लेना-देना नहीं रहा है।

पूर्व आईजी मुशरिफ ने कहा कि आरएसएस एक व्‍यवस्‍था के तहत काम रहा है। वह व्यवस्था ब्राह्मणवाद पर काम करती है। साथ ही उन्होंने कहा कि ब्राह्मणवाद से मेरा इशारा ब्राह्मणों की ओर नहीं है। यह तो उत्पीडऩ करने वाली एक मानसिकता और रवैया है। उन्होंने दावा किया कि हेमंत करकरे की हत्‍या में आईबी (इंटेलिजेंस ब्‍यूरो) का हाथ है, क्योंकि हेमंत करकरे आतंकी गतिविधियों में हिंदू कट्टरवादी संगठनों की भूमिका की जांच कर रहे थे। हेमंत करकरे मुंबई पुलिस एटीएस के भी मुखिया थे।

एस एम मुशरिफ ने कहा कि हेमंत करकरे की हत्‍या में आईबी का हाथ होने के पुख्ता सबूत भी मिले थे, लेकिन इस केस को साबित करने की सारी कोशिशों को नाकाम कर दिया गया। उन्होंने दावा किया कि मुंबई पुलिस की स्‍वतंत्र जांच की मांग को हमेशा नकार दिया गया।