मुहिम रंग लाई, सऊदी जेल में बंद समीर वापस लौटे

पीएनएस न्यूज़ एजेंसी, तनवीर आलम की कोशिश कामयाब

PNS Exclusive

पूर्वी चंपारण, बिहार

बिहार के समीर अहमद सऊदी अरब की जेल से छूटकर भारत वापस आ गए हैं। समीर अहमद पूर्वी चंपारण ज़िले के ढाका प्रखंड इलाके चन्दनबरा के रहने वाले हैं। वह अपने घर पहुंच गए हैं। समीर की वापसी पर परिवार बेहद काफी खुश है, और परिवार ने समीर की मदद करने वाले सभी लोगों का शुक्रिया अदा किया। वापसी की मुहिम में लगे सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम ने मदद करने वाले सभी लोगों और पीएनएस का शुक्रिया अदा किया। पीएनएस न्यूज़ एजेंसी ने इस मुद्दे को सबसे पहले उठाया था। इस खबर को सैकड़ों लोगों शेयर किया और हज़ारों लोगों ने देखा। पीएनएस के पास दर्जनों लोगों के मैसेज आए जिन्होंने समीर और दूसरे लोगों की मदद की भरोसा दिया।

सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम इस समय बिहार में हैं। पीएनएस से खास बात करते हुए उन्होंने कहा कि समीर 30 अगस्त को भारत वापस आ गया। समीर की वापसी पर परिवार बहुत खुश है। तनवीर आलम ने बताया कि समीर को भारत वापस लाने की मुहिम में जेद्दाह में भारतीय दुतावास में लेबर काउंसिलर अनूप सिंह ने बहुत मदद की। तनवीर आलम ने अनूप सिंह को शानदार अधिकारी बताया और कहा कि अगर सरकारी महकमें में चंद लोग भी अनूप सिंह जैसा काम करें तो लोगों को ज़्यादा परेशानी ना हो। तनवीर आलम ने पीएनएस को बताया को मोहम्मद आसिफ ने भी इस काम में काफी मदद की और वो लगातार लोगों के बीच कोऑर्डिनेशन का काम करते रहे।

पीएनएस न्यूज़ एजेंसी की तारीफ

पीएनएस न्यूज़ एजेंसी का ज़िक्र करते हुए तनवीर आलम ने कहा कि जैसे ही ये खबर पीएनएस पर आई। समीर को मदद करने के लिए सैकड़ों फोन आए। इसके साथ ही अब तक करीब 200 लोगों के जेल में बंद होने की जानकारी मिली जो बिना किसी जुर्म के जेल में बंद हैं। सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम ने इस मुहिम में पीएनएस के जुड़ने की खूब तारीफ की और खास तौर पर शुक्रिया अदा किया।

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क्या था पूरा मामला

समीर अहमद करीब एक साल पहले सऊदी अरब गया था। उसके पिता मुर्सलीन अहमद का इंतकाल हो चुका है। समीर घर का अकेला कमाने वाला है। सऊदी अरब के कानून के मुताबिक सभी को अपने साथ इकामा (परिचय पत्र) रखना ज़रूरी होता है। समीर के पास इकामा नहीं होने का वजह से पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। समीर को बाद में जेद्दाह की जेल में भेज दिया गया था। ज़्यादा जानकारी न होने की वजह से समीर को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। समीर के परिवार को जब बेटे के जेल में बंद होने की खबर लगी तो घर वाले काफी परेशान हो गए।

समीर को वापस लाने की मुहिम

सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम ने समीर को जेल से छुड़ाकर भारत वापस लाने की मुहिम चलाई। पीएनएस न्यूज़ एजेंसी ने तनवीर आलम की इस मुहिम में पूरी तरह उनके साथ था। सबसे पहले इस खबर को उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों तक पहुंचाया। पीएनएस ने तनवीर आलम से बात करके पूरी खबर छापी। दूसरी तरफ तनवीर आलम ने जेद्दाह में भारतीय दुतावास में लेबर काउंसिलर अनूप सिंह से फोन पर बात की। लेबर काउंसिलर ने मदद का भरोसा दिया था। खबर आने के बाद इस मुद्दे पर सऊदी अरब में रहने वाले कई भारतीयों ने मदद करने की बात कही। कुछ लोगों ने जेल जाकर समीर से मुलाकात की थी।

जारी रहेगी मदद

सऊदी अरब समेत गल्फ के कई देशों में बेगुनाह या छोटे अपराध के लिए सैकड़ों लोग बंद हैं। उन्हें किसी भी तरह की मदद नहीं मिल रही है। तनवीर आलम ने कहा कि अब इस मुहिम को अब एक संगठन की शक्ल देकर लोगों की मदद करना हैं। सऊदी अरब और दूसरे देशों में रहने वाले लोगों से पीएनएस न्यूज़ एजेंसी अपील करती है कि वह समीर अहमद जैसे जेल में बंद लोगों की डिटेल भेजें, साथ ही उनकी मदद को आगे आएं। इस मामले पर पीएनएस से 07839331098 और ई-मेल editor@pnskhabar.com पर संपर्क किया जा सकता है। साथ ही आप पीएनएस न्यूज़ एजेंसी से भी जुड़कर आप मदद कर सकते हैं। इसके साथ ही सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम से संपर्क कर सकते हैं। जिससे इस मुहिम के ज़रिये ज़्यादा से ज्यादा लोगों को फायदा मिले। सामाजिक कार्यकर्ता तनवीर आलम से उनके मोबाइल नंबर 09004955775 या फिर ईमेल tanweer1786@gmail.com से जानकारी ले सकते हैं।